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तीज त्योहार Episode June 24, 2026 0 Like
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मार्कंडेश्वर महादेव मेला: राजस्थान के सिरोही जिले के पिंडवाड़ा के पास अजारी गांव में स्थित प्राचीन मार्कंडेश्वर महादेव मंदिर में हर वर्ष एक भव्य मेले का आयोजन होता है। यह मंदिर हजारों साल पुरानी उस घटना का गवाह है, जिसका जिक्र हिंदू पुराणों में मिलता है— यमराज का लौटना और ऋषि मार्कंडेय का अमर हो जाना। यह स्थान ‘कालजयी’ भक्ति का एक जीवित प्रमाण है और राजस्थान तथा गुजरात के श्रद्धालुओं के लिए आस्था का एक प्रमुख केंद्र है ।
मंदिर में यूं तो रोजाना बड़ी संख्या में भक्त दर्शन के लिए पहुंचते हैं, लेकिन सोमवार, सावन मास और महाशिवरात्रि पर यहां भारी भीड़ उमड़ती है। मेले के दौरान दूर-दराज से आए श्रद्धालु मंदिर के आध्यात्मिक वातावरण और पौराणिक कथाओं से जुड़ाव महसूस करते हैं। स्थानीय पुजारी सचिन रावल बताते हैं कि शिवलिंग आज भी भक्तों को वह पौराणिक पल याद दिलाता है, जब मार्कंडेय ने शिव से लिपटकर अपना मस्तक बार-बार शिवलिंग पर झुकाया था। भक्ति के दबाव से वह प्राचीन शिवलिंग अपने स्थान पर भूमि में धंस गया था, जिसके निशान आज भी स्पष्ट रूप से देखे जा सकते हैं ।
मार्कंडेश्वर की कथा ऋषि मृकंडु और उनकी पत्नी मारुद्वती के कठोर तप से शुरू होती है। निःसंतान होने पर उन्होंने शिव की आराधना की, जिससे उन्हें अल्पायु लेकिन अत्यंत तेजस्वी और ज्ञानी पुत्र का वरदान मिला। यही पुत्र ऋषि मार्कंडेय थे। जब उनकी निर्धारित आयु समाप्त होने लगी, तो उन्होंने इस अजारी स्थल पर आकर शिव की कठोर उपासना की। उनकी भक्ति इतनी गहन थी कि जब यमराज उन्हें लेने प्रकट हुए, तो वे मंत्र जाप में लीन थे। शिव ने प्रकट होकर यमराज को अपने परम भक्त के प्राण लेने से रोका और उन्हें चिरंजीवी होने का वरदान दिया ।
यह मंदिर संतान सुख और दीर्घायु के लिए विशेष फलदायी माना जाता है। अनेक परिवार नवजात शिशु के जन्म के पश्चात सर्वप्रथम भगवान मार्कंडेश्वर के दर्शन कर उनका आशीर्वाद प्राप्त करना अपना परम कर्तव्य मानते हैं । ग्रामीणों की अपेक्षा है कि इस प्राचीन तीर्थ को धार्मिक पर्यटन के स्वरूप में विकसित किया जाए, जिससे यह स्थल सिरोही जिले को धार्मिक नक्शे पर एक नई और मजबूत पहचान दिला सके ।
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markandeshwar mahadev mela
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मैं हूं भारती शर्मा और इस ऐप पर मैं आपको सुनाती हूं सरकारी योजनाओं की कहानियां। कहानिया। जो सिर्फ कागजों तक सीमित नहीं, बल्कि आम जनता के जीवन में आए बदलाव, संघर्ष और मेहनत की मिसाल हैं। हर योजना में छुपा है एक सबक… जो हमें जागरूक बनाता है, आगे बढ़ने की राह दिखाता है और जीवन को नए नजरिए से जीने की प्रेरणा देता है।
तीज त्योहार 0 October 15, 2026
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