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तीज त्योहार Episode April 17, 2026 0 Like
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Gangaur Mela Biography: गणगौर मेला राजस्थान का एक प्रमुख और पारंपरिक उत्सव है जो भगवान शिव (ईसर) और देवी पार्वती (गौरी) के दिव्य प्रेम और वैवाहिक सद्भाव का प्रतीक है। यह उत्सव चैत्र मास के पहले दिन से शुरू होकर अठारह दिनों तक चलता है, जो होली के ठीक बाद आता है। गणगौर शब्द ‘गण’ जिसका अर्थ शिव और ‘गौर’ जिसका अर्थ गौरी है, से मिलकर बना है। यह त्योहार विशेष रूप से महिलाओं द्वारा मनाया जाता है, जो अपने पतियों के लंबे जीवन, अच्छे स्वास्थ्य और समृद्धि के लिए प्रार्थना करती हैं, जबकि अविवाहित लड़कियां शिव जैसे योग्य वर की कामना करती हैं। यह त्योहार राजस्थान की संस्कृति और परंपराओं का एक अभिन्न अंग है, जिसमें रंगीन जुलूस, लोक गीत और पारंपरिक अनुष्ठान शामिल होते हैं।
गणगौर मेले के दौरान, महिलाएं और लड़कियां गौरी और ईसर की मिट्टी की मूर्तियाँ बनाती हैं और उन्हें सजाती हैं। इन मूर्तियों की प्रतिदिन पूजा की जाती है। त्योहार के अंतिम दिनों में, सिंजारा नामक एक विशेष दिन होता है, जब विवाहित महिलाओं के माता-पिता उन्हें उपहार भेजते हैं, जिसमें मिठाई, नए कपड़े, चूड़ियाँ और मेहंदी शामिल होती है। यह दिन बेटियों के प्रति माता-पिता के अटूट प्रेम का प्रतीक है। गणगौर का मुख्य दिन चैत्र शुक्ल तृतीया को होता है, जब भव्य जुलूस निकाले जाते हैं।
जयपुर में गणगौर का जुलूस सिटी पैलेस से शुरू होकर शहर के मुख्य बाजारों से गुजरता है, जिसमें सजे-धजे हाथी, पालकी और लोक कलाकार शामिल होते हैं। उदयपुर में, गणगौर घाट पर मूर्तियों को नावों में रखकर पिछोला झील में विसर्जित किया जाता है, जो एक मनमोहक दृश्य प्रस्तुत करता है। जोधपुर में इसे धींगा गवर के रूप में मनाया जाता है, जहाँ महिलाएं सड़कों पर निकलकर पारंपरिक छड़ियों से कुंवारे पुरुषों को छूती हैं और उन्हें आशीर्वाद देती हैं। बीकानेर और जैसलमेर जैसे रेगिस्तानी शहरों में, यह त्योहार अधिक व्यक्तिगत और अंतरंग तरीके से मनाया जाता है, जहाँ परिवार अपनी पैतृक मूर्तियों की पूजा करते हैं। गणगौर मेला राजस्थान की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और महिलाओं की भक्ति का एक जीवंत उदाहरण है, जो प्रेम, वैवाहिक सुख और वसंत के आगमन का जश्न मनाता है।
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GANGAUR MELA
About the author
मैं हूं भारती शर्मा और इस ऐप पर मैं आपको सुनाती हूं सरकारी योजनाओं की कहानियां। कहानिया। जो सिर्फ कागजों तक सीमित नहीं, बल्कि आम जनता के जीवन में आए बदलाव, संघर्ष और मेहनत की मिसाल हैं। हर योजना में छुपा है एक सबक… जो हमें जागरूक बनाता है, आगे बढ़ने की राह दिखाता है और जीवन को नए नजरिए से जीने की प्रेरणा देता है।
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